गहरी जान पहचान है आपसे,
खूद से दुर न समझने लगना।
कहीं दूर थोड़े ही गए है आपसे,
हमे अपनी यादों में याद रखना।
बनाये रखना ये खुशनुमा फितरत,
जहन में हमारा भी ख्याल रखना,
मिले नाती-पोतों से थोड़ी फुरसत,
तो हम लोगों को भी याद करना।
जब मांगों कुछ भगवान से,
भुला न देना हमे भूल से,
अपना खूब ख्याल तो रखना,
पर हमे दुआओं में याद रखना।